माननीय प्रतिकुलपति आदरणीय डॉ. चिन्मय पंड्या जी के स्नेहिल आशीर्वाद एवं प्रेरणादायक मार्गदर्शन में, देव संस्कृति विश्वविद्यालय, हरिद्वार ने राष्ट्रीय स्तर पर एक और स्वर्णिम उपलब्धि अर्जित की है।
विश्वविद्यालय को National Digital Library of India Club (NDLI CLUB–2025) द्वारा Outstanding Dedication and Innovative Efforts हेतु Excellence Award 2025 से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान IIT खड़गपुर में आयोजित 4th International Symposium (KEDLD–2025) के दौरान प्रदान किया गया — जो ज्ञान, नवाचार और शैक्षणिक उत्कृष्टता के क्षेत्र में विश्वविद्यालय के निरंतर प्रयासों का प्रतीक है।
यह उपलब्धि देव संस्कृति विश्वविद्यालय के केंद्रीय ग्रंथालय, आचार्यगणों, शोधार्थियों और विद्यार्थियों की सामूहिक साधना का परिणाम है, जिन्होंने पूज्य गुरुदेव पं. श्रीराम शर्मा आचार्य जी की उस भावना को जीवन्त किया है — “ज्ञान का प्रसार ही मानवता का उत्थान है।”
देव संस्कृति विश्वविद्यालय आज अपने आदर्श वाक्य “ज्ञान से साधना, और साधना से सेवा” को चरितार्थ करते हुए शिक्षा को मानवता के उत्थान का माध्यम बना रहा है — यही उसकी वास्तविक उत्कृष्टता की पहचान है।
